भाई को ढूंढने निकली 12 साल की बच्ची… रास्ते में मिला ‘खौफ’, मुंह में कपड़ा ठूंसकर दरिंदगी का आरोप; दीपू यादव गिरफ्तार
लखीमपुर खीरी में नाबालिग से दुष्कर्म के गंभीर मामले में खीरी पुलिस की कार्रवाई, फरार चल रहे 20 वर्षीय आरोपी को जगसड़ तिराहे से दबोचा; पॉक्सो एक्ट समेत गंभीर धाराओं में मुकदमा

घर से निकली थी अपने भाई को ढूंढने… लेकिन रास्ते में उसका सामना एक ऐसे शख्स से हुआ, जिस पर बच्ची को जबरन सुनसान जगह ले जाकर दरिंदगी करने का आरोप है। वारदात के बाद आरोपी फरार हो गया, लेकिन पुलिस उसकी तलाश में लगी रही। आखिरकार जगसड़ तिराहे पर पुलिस ने उसे दबोच लिया।
लखीमपुर खीरी। जिले के खीरी थाना क्षेत्र में 12 वर्षीय नाबालिग छात्रा से कथित दुष्कर्म की सनसनीखेज घटना सामने आई है। मामले में फरार चल रहे आरोपी दीपू यादव को थाना खीरी पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के मुताबिक आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की गंभीर धाराओं के साथ पॉक्सो एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज है।
पुलिस के अनुसार घटना उस समय हुई जब 12 वर्षीय किशोरी अपने घर से अपने भाई को ढूंढने के लिए निकली थी। आरोप है कि इसी दौरान दीपू यादव ने उसे रास्ते में रोक लिया और जबरन एक सुनसान स्थान की ओर ले गया।
इसके बाद जो आरोप सामने आए, वे बेहद गंभीर हैं।
एफआईआर में लगाए गए आरोपों के मुताबिक आरोपी ने नाबालिग के साथ जबरदस्ती की। पीड़िता के मुंह में कपड़ा ठूंसने का भी आरोप है। घटना को अंजाम देने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया।
मामला सामने आते ही खीरी थाना पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर आरोपी की तलाश शुरू कर दी। नाबालिग से जुड़ा मामला होने के कारण पुलिस ने पॉक्सो एक्ट की गंभीर धाराएं भी लगाईं।
पुलिस टीम लगातार आरोपी की तलाश में दबिश दे रही थी। इसी बीच पुलिस को उसके संबंध में सूचना मिली और कार्रवाई करते हुए जगसड़ तिराहे से दीपू यादव को गिरफ्तार कर लिया गया।
पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार आरोपी की पहचान दीपू यादव पुत्र तौलेराम उर्फ बरकत यादव, निवासी ग्राम छंगा गौढी, थाना व जिला खीरी के रूप में हुई है। उसकी उम्र करीब 20 वर्ष बताई गई है।
आरोपी की गिरफ्तारी के बाद पुलिस आवश्यक विधिक कार्रवाई पूरी कर उसे न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत कर रही है। मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।
किन धाराओं में दर्ज है मुकदमा?
पुलिस द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक मामले में मु0अ0सं0 0486/26 के तहत धारा 65(2), 351(3), 352 BNS तथा 5(M)/6 पॉक्सो एक्ट में मुकदमा दर्ज किया गया है।



